एकादशी · भगवान विष्णु

एकादशी (शुक्ल)

एकादशी तिथि पर विष्णु व्रत; द्वादशी को पारण।

नई दिल्ली, Delhi, India 28.6214°, 77.2148° Asia/Kolkata (UTC+05:30) उत्तर भारतीय · लाहिरी (समायोजित)

अगली तिथि अक्टूबर 2026 22 गुरुवार 19 दिन बाद

गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 का समय

स्मार्त और वैष्णव तिथियाँ — दोनों परम्पराओं में व्रत इसी दिन है।

  • स्मार्त 22/10/2026 (गुरु) पारण · 23/10/2026 (शुक्र): से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण। स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
  • वैष्णव (इस्कॉन) 22/10/2026 (गुरु) पारण · 23/10/2026 (शुक्र): से — इस्कॉन (GCal) नियम: सूर्योदय से दिनमान का एक तिहाई तक। वैष्णव: शुद्ध एकादशी — सूर्योदय से 96 मिनट पहले, अरुणोदय में ही एकादशी चल रही है।
यही तिथि क्यों?
  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।

पूजा विधि

मंत्र और भक्ति

व्रत कथा

इस पर्व के सभी मन्त्र, आरतियाँ और स्तोत्र

तिथि का निर्धारण कैसे होता है

  1. यह प्रत्येक चान्द्र मास में शुक्ल पक्ष एकादशी को आता है।
  2. यह उस दिन होता है जिस दिन स्थानीय सूर्योदय के समय यह तिथि व्याप्त हो (उदया तिथि)।
  3. यदि तिथि दो सूर्योदयों पर हो (वृद्धि तिथि) तो पहला दिन लिया जाता है।
  4. यदि तिथि किसी भी दिन उस काल को स्पर्श न करे (क्षय तिथि), तो जिस हिन्दू दिन में तिथि सबसे अधिक समय रहे, वह दिन लिया जाता है।
  5. एकादशियों के नाम उस पारम्परिक मास के अनुसार हैं जिसमें उनका उल्लेख होता है। पारण द्वादशी में, सूर्योदय के बाद और हरि वासर के बाहर किया जाता है; पूरे नियम एकादशी पृष्ठ पर देखें।
  6. आपकी गणना प्रोफ़ाइल पहले स्मार्त तिथि दिखाती है (अधिकांश उत्तर भारतीय पंचांगों की तरह: सूर्योदय पर एकादशी, वृद्धि, क्षय और द्वादशी के नियम एकादशी पृष्ठ पर); वैष्णव (इस्कॉन) तिथि सदा साथ में दिखती है।

पारम्परिक भिन्नता

यह ऊपर दिए नियम के अनुसार चुने गए स्थान के लिए तिथि है। यही एकमात्र मान्य तिथि नहीं है: क्षेत्रीय पंचांग, पारिवारिक परम्परा और सम्प्रदाय इसे अलग दिन भी मना सकते हैं।

नियम का स्रोत: Smarta: Ekadashi at sunrise (first day if on two sunrises). Vaishnava profile: Dashami-viddha at Arunodaya shifts to next day.

परम्पराएँ क्षेत्र और पंचांग पद्धति के अनुसार भिन्न हो सकती हैं। समय चयनित स्थान, समय क्षेत्र और गणना प्रोफ़ाइल के अनुसार दिखाए गए हैं।

गणना: इंजन 1.4.2 · नियम rules-2026-09-29-a0a4505e · प्रोफ़ाइल north-lahiri-calibrated v1 · अयनांश lahiri_drik_compat · astronomy-engine@2.1.19 · Asia/Kolkata

2026 की तिथियाँ

एकादशी (शुक्ल) — 2026
दिनांकनिर्धारक तिथि / क्षणसमय अवधिनिर्णय टिप्पणी
29/01/2026 (गुरु)
जया एकादशी
माघ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 30/01/2026 (शुक्र), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
27/02/2026 (शुक्र)
आमलकी एकादशी
फाल्गुन शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 28/02/2026 (शनि), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
29/03/2026 (रवि)
कामदा एकादशी
चैत्र शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 30/03/2026 (सोम), से — पारण द्वादशी समाप्त होने से पहले कर लेना चाहिए; समय अवधि उसी क्षण समाप्त होती है।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
27/04/2026 (सोम)
मोहिनी एकादशी
वैशाख शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 28/04/2026 (मंगल), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
27/05/2026 (बुध)
पद्मिनी (कमला) एकादशी
अधिक ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 28/05/2026 (गुरु), से — पारण द्वादशी समाप्त होने से पहले कर लेना चाहिए; समय अवधि उसी क्षण समाप्त होती है।

  • स्मार्त: एकादशी दो सूर्योदयों को छूती है और दूसरे दिन के बाद के सूर्योदय पर भी द्वादशी है, इसलिए सबके लिए दूसरा दिन (धर्मसिन्धु)।
25/06/2026 (गुरु)
निर्जला एकादशी
ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 26/06/2026 (शुक्र), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
25/07/2026 (शनि)
देवशयनी एकादशी
आषाढ़ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 26/07/2026 (रवि), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
23/08/2026 (रवि)
श्रावण पुत्रदा एकादशी
श्रावण शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 24/08/2026 (सोम), से — हरि वासर प्रातःकाल के बाद तक रहता है, इसलिए पारण हरि वासर समाप्त होने पर मध्याह्न के बाद किया जाता है।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
22/09/2026 (मंगल)
परिवर्तिनी (पार्श्व) एकादशी
भाद्रपद शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 23/09/2026 (बुध), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
22/10/2026 (गुरु) अगली
पापांकुशा एकादशी
आश्विन शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 23/10/2026 (शुक्र), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
20/11/2026 (शुक्र)
देवउठनी (प्रबोधिनी) एकादशी
कार्तिक शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 21/11/2026 (शनि), से — हरि वासर प्रातःकाल के बाद तक रहता है, इसलिए पारण हरि वासर समाप्त होने पर मध्याह्न के बाद किया जाता है।

गौण एकादशी (वैकल्पिक बाद वाला दिन): 21/11/2026 (शनि)

  • स्मार्त: एकादशी किसी सूर्योदय को नहीं छूती (क्षय), इसलिए उसी दिन व्रत जिसमें वह आरम्भ और समाप्त होती है; अगला दिन वैकल्पिक गौण एकादशी है।
20/12/2026 (रवि)
मोक्षदा एकादशी
मार्गशीर्ष शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 21/12/2026 (सोम), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।

2027 की तिथियाँ

एकादशी (शुक्ल) — 2027
दिनांकनिर्धारक तिथि / क्षणसमय अवधिनिर्णय टिप्पणी
18/01/2027 (सोम)
पौष पुत्रदा एकादशी
पौष शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 19/01/2027 (मंगल), से — हरि वासर प्रातःकाल के बाद तक रहता है, इसलिए पारण हरि वासर समाप्त होने पर मध्याह्न के बाद किया जाता है।

गौण एकादशी (वैकल्पिक बाद वाला दिन): 19/01/2027 (मंगल)

  • स्मार्त: एकादशी वाले दिन के बाद के सूर्योदय से पहले द्वादशी समाप्त हो जाती है, पारण के लिए द्वादशी नहीं बचती, इसलिए व्रत पिछले दिन; एकादशी वाला दिन वैकल्पिक गौण एकादशी है।
17/02/2027 (बुध)
जया एकादशी
माघ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 18/02/2027 (गुरु), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
18/03/2027 (गुरु)
आमलकी एकादशी
फाल्गुन शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 19/03/2027 (शुक्र), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
17/04/2027 (शनि)
कामदा एकादशी
चैत्र शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 18/04/2027 (रवि), से — पारण द्वादशी समाप्त होने से पहले कर लेना चाहिए; समय अवधि उसी क्षण समाप्त होती है।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
16/05/2027 (रवि)
मोहिनी एकादशी
वैशाख शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 17/05/2027 (सोम), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
14/06/2027 (सोम)
निर्जला एकादशी
ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 15/06/2027 (मंगल), से — हरि वासर प्रातःकाल के बाद तक रहता है, इसलिए पारण हरि वासर समाप्त होने पर मध्याह्न के बाद किया जाता है।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
14/07/2027 (बुध)
देवशयनी एकादशी
आषाढ़ शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 15/07/2027 (गुरु), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
12/08/2027 (गुरु)
श्रावण पुत्रदा एकादशी
श्रावण शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 13/08/2027 (शुक्र), से — हरि वासर प्रातःकाल के बाद तक रहता है, इसलिए पारण हरि वासर समाप्त होने पर मध्याह्न के बाद किया जाता है।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
11/09/2027 (शनि)
परिवर्तिनी (पार्श्व) एकादशी
भाद्रपद शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 12/09/2027 (रवि), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
11/10/2027 (सोम)
पापांकुशा एकादशी
आश्विन शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 12/10/2027 (मंगल), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
10/11/2027 (बुध)
देवउठनी (प्रबोधिनी) एकादशी
कार्तिक शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 11/11/2027 (गुरु), से — हरि वासर समाप्त होने के बाद प्रातःकाल (दिन के प्रथम पंचमांश) में पारण।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।
09/12/2027 (गुरु)
मोक्षदा एकादशी
मार्गशीर्ष शुक्ल पक्ष (अमान्त और पूर्णिमान्त में एक ही नाम)
शुक्ल पक्ष एकादशी: से —

पारण: 10/12/2027 (शुक्र), से — हरि वासर प्रातःकाल के बाद तक रहता है, इसलिए पारण हरि वासर समाप्त होने पर मध्याह्न के बाद किया जाता है।

  • स्मार्त: इस दिन सूर्योदय के समय एकादशी है।

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